| 16348/345 | अध्यात्म | श्रीसंत एकनाथमहाराजकृत आठ ग्रंथ | नरहरि विष्णुशास्त्री पणशीकर | यशवंत प्रकाशन | 292 |
| 16604/422 | अध्यात्म | आत्मबोध | 0 | 0 | 500 |
| 15581/63 | अध्यात्म | सुलभ परमार्थज्ञानमाला भाग 1 | 0 | दामोदर सांवळाराम आणि मंडळी | 500 |
| 15837/135 | अध्यात्म | स्वाध्याय ज्ञानेश्वरी | केशव रामचंद्र छापखाने | ज्ञानेश्वरी ग्रंथमाला | 199 |
| 16605/426 | अध्यात्म | वैदिक सिद्धांत रत्न मंजुषा भाग 2 रा त्र्प्रभंगाची गाथा | भास्कर भानुबुवा ब्रह्मनिष्ठ | 0 | 500 |
| 15582/61 | अध्यात्म | ऐतरेय उपनिषद् | रामचंद्र विनायक पटवर्धन, अच्युत बळवंत कोल्हटकर, दत्तो अप्पाजी तुळजापुरकर | श्रुतिबोध प्रकाशन | 16 |
| 22494/638 | अध्यात्म | अवघाचि विठल | देवदास पोटे | स्वाति जोशी | 388 |
| 15583/67 | अध्यात्म | श्री ज्ञानेश्वरी | अण्णा मोरेश्वर कुंटे | निर्णयसागर प्रेस | 558 |
| 15839/136 | अध्यात्म | राजधर्म-प्रकाश | वामन श्रीधरशास्त्री अग्निहोत्री | यज्ञेश्वर वामन मुळे | 144 |
| 16607/422 | अध्यात्म | सत्यं शिवं सुंदरम् | दुर्गा भागवत | ह.अ.भावे | 87 |